निजी अस्पताल ने मानवता को किया शर्मसार, इमरजेंसी इलाज के नाम पर बनाया 80 हजार का बिल, पूरी रकम दिए बिना शव देने से किया इनकार, एसएसपी मंजूनाथ टीसी ने दिलाया मृतका का शव

हल्द्वानी:- चंदन अस्पताल में इलाज के दौरान एक महिला की मौत हो गई। अस्पताल का बिल अधिक होने के कारण परिजन भुगतान करने में असमर्थ थे। ऐसे में अस्पताल प्रबंधन ने पूरी रकम दिए बिना बिना पैसे के शव देने से इंकार कर दिया। जब इस घटना की खबर पुलिस कप्तान डॉ मंजूनाथ टीसी को पता लगी तो उन्होंने शव परिजनों को सौपने के लिए अस्पताल प्रबंधन को कहा। इसके बाद परिजनों को शव मिल गया।

पुलिस के अनुसार तीन जनवरी की रात्रि में पीड़ित परिवार के सदस्य ने नैनीताल के एसएसपी डॉ० मंजुनाथ टीसी को फोन कर बताया अल्मोड़ा के बेस अस्पताल से मरीज को रेफर कर चन्दन अस्पताल हल्द्वानी लाने, तथा उपचार के दौरान मृत्यु होने पर हॉस्पिटल संचालक द्वारा पैसों की मांग को लेकर मृतका का शव न देने के संबंध में जानकारी दी।
उन्होंने यह भी बताया गया कि वह आर्थिक रूप से कमजोर है अस्पताल द्वारा 80 हजार का बिल बनाया गया और उपचार के लिए 57 हजार रुपए पहले ही दे चुका है, और बकाया पैसे देने में असमर्थता जताई अस्पताल प्रबंधन द्वारा और पैसे की मांग करते हुए की बॉडी देने से इनकार किया जा रहा है। बॉडी का अंतिम संस्कार किए जाने हेतु बॉडी दिलाने का अनुरोध किया गया।
पीड़ित की व्यथा सुन एसएसपी नैनीताल द्वारा तत्काल संज्ञान लेते हुए सीओ सिटी हल्द्वानी अमित कुमार तथा प्रभारी निरीक्षक कोतवाली हल्द्वानी विजय मेहता को आवश्यक कार्यवाही करने हेतु निर्देशित किया गया।
पुलिस द्वारा तत्काल चंदन हॉस्पिटल जाकर मृतका के शव को उसके परिजनों के सुपुर्द कराते हुए मृत्यु प्रमाण भी जारी कराया गया। साथ ही चंदन हॉस्पिटल के प्रबंधक को मानवता का ध्यान रखते हुए भविष्य में ऐसा न करने की हिदायत दी गई।










