Medical
उत्तराखण्डपिथौरागढ़

मिलम घाटी में फंसे देश के मुख्य चुनाव आयुक्त राजीव कुमार, मौसम खराब होने के कारण हेलीकॉप्टर की करानी पड़ी इमरजेंसी लैंडिंग

ADVERTISEMENTS Ad

पिथौरागढ़:- देश के मुख्य चुनाव आयुक्त राजीव कुमार उत्तराखंड के पिथौरागढ़ की मिलम घाटी के एक दूरस्थ गांव में फंसे हुए हैं। उन्हे निकालने की कोशिशें लगातार जारी हैं। मौसम खराब होने के चलते उनके हेलीकॉप्टर की इमरजेंसी लैंडिंग करानी पड़ी थी। उनके साथ उत्तराखंड के अपर निर्वाचन आयुक्त विजय जोगदंडे भी हैं।
केंद्रीय चुनाव आयुक्त राजीव कुमार हाई एल्टिट्यूड में चुनावी प्रक्रिया को देखने के लिए पिथौरागढ़ के मिलम जा रहे थे। इसी बीच मौसम खराब होने के चलते उनके हेलीकॉप्टर की इमरजेंसी लैंडिंग करानी पड़ी। हेलीकॉप्टर सीमांत रालम गांव में लैंड किया है। राजीव कुमार के साथ उत्तराखंड के अपर निर्वाचन आयुक्त विजय जोगदंडे भी मौजूद हैं। मिली जानकारी के अनुसार दोनों अधिकारी जिस गांव में फंसे हैं वो गांव फिलहाल वीरान पड़ा हुआ है। गांव के सभी लोग फिलहाल माइग्रेट करके निचले इलाकों में आ चुके हैं। ऐसे में रात में ठंड से बचने के लिए दोनों अधिकारियों को मजबूरी में एक घर का ताला तोड़ कर शरण लेनी पड़ी है।

ADVERTISEMENTS
यह भी पढ़ें 👉  त्योहारों के दृष्टिगत हल्द्वानी में खाद्य सुरक्षा विभाग ने चलाया अभियान, खाद्य पदार्थों के लिये नमूने
Ad

मिली जानकारी के मुताबिक दोनों अधिकारी जिस गांव में फंसे हैं वो गांव जिला मुख्यालय से तकरीबन 200 किमी की दूरी पर है और मोटर मार्ग से दूर है। ऐसे में दोनों अधिकारियों तक पहुंचने के लिए बचाव टीमों को ट्रैकिंग के जरिए तकरीबन 25 किलोमीटर का सफर तय करके पहुंचना पड़ेगा। दोनों अधिकारियों को निकालने के लिए तीन टीमें रवाना की गई है। आसपास के कुछ स्थानीय लोगों को भी भेजा गया है।
बताया जा रहा है कि रात में इस ट्रैक पर चलना खतरनाक है और ऐसे में बचाव टीमों को खासा जोखिम उठाना पड़ रहा है। ऐसे में रेस्क्यू में देरी संभव है। पहले अधिकारियों ने रात दस बजे तक टीमों के पहुंच जाने की उम्मीद जताई थी। हालांकि अब रात एक बजे तक पहुंचने की संभावना जताई जा रही है। हालांकि टीमों के पहुंच जाने के बाद भी रात में दोनों अधिकारियों को निकाला नहीं जा सकेगा। दोनों अधिकारियों को रात रालम गांव में ही बितानी पड़ सकती है।

ADVERTISEMENTS
यह भी पढ़ें 👉  सचिव आवास डॉ. आर. राजेश कुमार ने विकास कार्यों और योजनाओं को लेकर की समीक्षा बैठक, शहरों के मास्टर प्लान को विशेष महत्व, अधिकारियों को दिए जरूरी दिशा-निर्देश
Ad

सीईसी राजीव कुमार इससे पहले भी ऐसे ही एक कार्यक्रम में उत्तराखंड के चमोली जिले के दूरस्थ दुमक गांव का दौरा कर चुके हैं। 2022 में राजीव कुमार 18 किलोमीटर पैदल चलकर दुमक पहुंचे थे और लोगों से मुलाकात की थी।

ADVERTISEMENTS Ad
ADVERTISEMENTS Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad

Anand Batra

Editor-in-Chief - Hills News (www.hillsnews.in)

यह भी पढ़ें 👉