सड़क हादसा: टेंपो ट्रैवलर अनियंत्रित होकर खाई में गिरी, दो महिलाओं की मौत, 21 घायल, सभी घायलों को बेहतर उपचार के लिए सुशीला तिवारी चिकित्सालय किया रेफर


कालाढूंगी/नैनीताल:- मेरठ से आए पर्यटकों को लेकर जा रही एक टेम्पो ट्रैवलर अनियंत्रित होकर सड़क से करीब 20 से 25 मीटर गहरी खाई में जा गिरी। हादसे में दो महिलाओं की मौत हो गई, जबकि 21 लोग घायल हो गए। पुलिस, एसडीआरएफ, फायर सर्विस और स्थानीय लोगों की मदद से रातभर चले रेस्क्यू अभियान में सभी यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया।

जानकारी के अनुसार बुधवार रात करीब 8 बजे डायल-112 के माध्यम से सूचना मिली कि कालाढूंगी से लगभग चार किलोमीटर ऊपर खुर्पाताल रोड पर टेम्पो ट्रैवलर (UP-15 FT-6795) दुर्घटनाग्रस्त हो गई है। सूचना मिलते ही पुलिस महानिरीक्षक एवं एसएसपी नैनीताल डॉ. मंजूनाथ टीसी के निर्देश पर कालाढूंगी पुलिस, एसडीआरएफ और फायर सर्विस की टीमें तत्काल मौके के लिए रवाना हुईं।
घटनास्थल पर पहुंची टीमों ने स्थानीय लोगों और राहगीरों के सहयोग से संयुक्त राहत एवं बचाव अभियान चलाया। वाहन में चालक समेत कुल 29 लोग सवार थे। कई यात्री वाहन के भीतर फंसे हुए थे, जिन्हें काफी मशक्कत के बाद बाहर निकाला गया। सभी घायलों को प्राथमिक उपचार के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र कालाढूंगी पहुंचाया गया।
चिकित्सकों ने जांच के बाद नाजरीन (32 वर्ष) पत्नी शाकिर निवासी मेरठ और फरद बेगम (लगभग 40 वर्ष) निवासी मेरठ को मृत घोषित कर दिया। वहीं गंभीर रूप से घायल यात्रियों को बेहतर उपचार के लिए सुशीला तिवारी चिकित्सालय, हल्द्वानी रेफर किया गया है।
हादसे की सूचना मिलते ही पुलिस अधीक्षक नगर हल्द्वानी मनोज कत्याल, क्षेत्राधिकारी हल्द्वानी अमित कुमार सैनी, प्रभारी निरीक्षक कालाढूंगी अरुण कुमार सैनी सहित पुलिस, जिला प्रशासन और आपदा प्रबंधन की टीमें मौके पर पहुंच गईं। अधिकारियों ने राहत एवं बचाव कार्य कीनिगरानी करते हुए घायलों को जल्द से जल्द अस्पताल पहुंचाने की व्यवस्था की।
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार वाहन में अधिकांश यात्री मेरठ के विभिन्न क्षेत्रों के निवासी थे और पर्यटन के उद्देश्य से नैनीताल क्षेत्र आए हुए थे। दुर्घटना के बाद मौके पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया और स्थानीय लोग भी मदद के लिए बड़ी संख्या में जुट गए।
पुलिस ने बताया कि दुर्घटना के कारणों की जांच की जा रही है। यह पता लगाया जा रहा है कि हादसा चालक की लापरवाही, तेज रफ्तार या किसी तकनीकी खराबी के कारण हुआ। जांच रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।










