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उत्तराखण्डनैनीताल

नीलकंठ हॉस्पिटल में आधुनिक चिकित्सा तकनीक की मदद से मरीज को दी नई जिंदगी, 37 वर्षीय महिला की पित्त की नली से निकाला कीड़ा

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हल्द्वानी:- शहर के जाने-माने नीलकंठ अस्पताल हल्द्वानी में एक महिला को आधुनिक चिकित्सा तकनीक की मदद से नई जिंदगी दी गई। 37 वर्षीय महिला पिछले कुछ समय से पेट के ऊपरी हिस्से में तेज दर्द और जी मिचलाने की शिकायत से परेशान थी। रेडियोलॉजिस्ट डॉ. रोहित रखोलिया ने प्रारंभिक जांच अल्ट्रासाउंड किया गया, जिसमें मरीज के पित्त की नली में कुछ बाहरी वस्तु या संक्रमण होने का संदेह हुआ।

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इसके आधार पर अस्पताल की पेट एवं लीवर रोग विशेषज्ञ डॉ. मेघा शर्मा रखोलिया ने मरीज की ईआरसीपी (दूरबीन विधि) से जांच की। जांच के दौरान पाया कि पित्त की नली के भीतर एक बड़ा कीड़ा (वॉर्म) फंसा हुआ था, जिसे मेडिकल भाषा में ‘बिलियरी एस्केरियासिस’ कहते हैं।

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यह स्थिति तब पैदा होती है जब पेट का कीड़ा आंतों से रेंगते हुए पित्त की नली में पहुँच जाता है, जिससे तीव्र दर्द और इन्फेक्शन का खतरा बढ़ जाता है। डॉ. मेघा शर्मा रखोलिया ने आधुनिक तकनीक का उपयोग करते हुए बिना किसी चीर-फाड़ के दूरबीन के जरिए उस कीड़े को सुरक्षित बाहर निकाल दिया। प्रक्रिया के तुरंत बाद ही महिला मरीज को दर्द से आराम मिल गया और अब उन्हें पूर्ण स्वस्थ स्थिति में अस्पताल से डिस्चार्ज कर दिया गया है।

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डॉ मेघा ने बताया कि दूषित खान पान और गन्दे पानी की वजह से ये कीड़े शरीर में पहुंच कर बहुत बड़ा इन्फेक्शन पैदा कर सकते हैं। इसलिए विशेष ध्यान रखें और इस तरह की परेशानियों को नजरअंदाज न करें।

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Anand Batra

Editor-in-Chief - Hills News (www.hillsnews.in)

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