वृहद निशुल्क स्वास्थ्य शिविर में पहले दिन बड़ी संख्या में लोगों ने उठाया लाभ, 385 लोगों की जांच कर दवाएं वितरित की

पदमपुरी:- प्रदेश सरकार के ‘सेवा, सुशासन एवं समर्पण’ अभियान के तहत शुक्रवार को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पदमपुरी में आयोजित वृहद निःशुल्क स्वास्थ्य शिविर में पहले ही दिन बड़ी संख्या में लोगों ने स्वास्थ्य सेवाओं का लाभ उठाया। शिविर में विशेषज्ञ चिकित्सकों ने मरीजों की जांच कर परामर्श दिया और विभिन्न बीमारियों की स्क्रीनिंग, लैब जांच, एक्स-रे, अल्ट्रासाउंड, आयुष्मान भारत और आभा आईडी जैसी सुविधाएं भी एक ही स्थान पर उपलब्ध कराई गईं।
मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. रश्मि पंत के निर्देशन में आयोजित इस शिविर का उद्देश्य दूरस्थ ग्रामीण क्षेत्रों के लोगों तक विशेषज्ञ स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचाना और विभिन्न सरकारी स्वास्थ्य योजनाओं का लाभ पात्र लोगों तक उपलब्ध कराना है।
शिविर का उद्घाटन उत्तराखंड सरकार के कैबिनेट मंत्री एवं भीमताल विधायक राम सिंह कैड़ा ने वर्चुअल माध्यम से किया। इस दौरान ब्लॉक प्रमुख धारी भावना आर्य, जिला पंचायत सदस्य रेखा देवी और दीवान बिष्ट, ग्राम प्रधान रेखा आर्या और रेनू आर्या सहित कई जनप्रतिनिधि और स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी मौजूद रहे।
प्रभारी चिकित्सा अधिकारी डॉ. हिमांशु कांडपाल ने शिविर का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया और मरीजों को समयबद्ध एवं बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। शिविर में डॉ. चंद्रशेखर भट्ट, डॉ. कविता लोहनी, डॉ. स्नेही कन्याल, डॉ. धर्मेंद्र कुमार त्रिपाठी, डॉ. कुमोद पंत, डॉ. टी. पूजा, डॉ. दीप्ति रावत, डॉ. हिमांशु कांडपाल और डॉ. दीपक पांडे समेत विशेषज्ञ चिकित्सकों ने मरीजों का परीक्षण किया।
शिविर में गर्भवती महिलाओं की प्रसवपूर्व जांच (एएनसी), उच्च रक्तचाप एवं मधमेह की जांच. टीबी स्क्रीनिंग. गैर-संचारी रोगों की जांच, सर्वाइकल एवं ओरल कैंसर की स्क्रीनिंग, विभिन्न लैब जांच, एक्स-रे, अल्ट्रासाउंड, निःशुल्क दवा वितरण, दिव्यांग प्रमाण-पत्र, आयुष्मान भारत योजना तथा आभा आईडी जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराई गईं।
पहले दिन कुल 385 लोगों का पंजीकरण हुआ। इनमें 225 लोगों की ब्लड प्रेशर, 215 की ब्लड शुगर, 170 की टीबी स्क्रीनिंग, 85 गर्भवती महिलाओं की एएनसी जांच और 85 लोगों की हीमोग्लोबिन जांच की गई। इसके अलावा 95-95 लोगों की एलएफटी और टीएफटी जांच, 35 अल्ट्रासाउंड, 35 एक्स-रे, 12 महिलाओं की सर्वाइकल कैंसर स्क्रीनिंग, 14 लोगों की बलगम जांच तथा दो दिव्यांग प्रमाण-पत्र जारी किए गए। राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम के तहत 45 बच्चों की स्वास्थ्य जांच भी की गई।
मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. रश्मि पंत ने कहा कि स्वास्थ्य विभाग की प्राथमिकता दूरस्थ क्षेत्रों तक विशेषज्ञ स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचाना है। उन्होंने कहा कि ऐसे शिविरों के माध्यम से लोगों को एक ही स्थान पर विशेषज्ञ चिकित्सकों की सलाह, जरूरी जांच, निःशुल्क दवाएं और सरकारी स्वास्थ्य योजनाओं का लाभ मिल रहा है। उन्होंने क्षेत्रवासियों से अधिक से अधिक संख्या में शिविरों में पहुंचकर नियमित स्वास्थ्य परीक्षण कराने की अपील की।
शिविर के सफल संचालन में स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों एवं कर्मचारियों के साथ स्थानीय जनप्रतिनिधियों और कर्मचारियों ने सहयोग दिया।










