Medical
उत्तराखण्डदेहरादून

अवैध कॉलोनियों पर रोक लगाने के लिए सरकार ने उठाया सख्त कदम, अब भवन मानचित्रों की स्वीकृति केवल विकास प्राधिकरण से, बिना अनुमति निर्माण पर होगी निगरानी

ADVERTISEMENTS Ad

देहरादून:-  प्रदेश में बेलगाम हो रहे निर्माण और अवैध कॉलोनियों पर रोक लगाने के लिए सरकार ने सख्त कदम उठाया है। आवास विभाग ने अधिसूचित क्षेत्रों में पंचायतों द्वारा नक्शा पास करने का अधिकार समाप्त कर दिया है। अब भवन मानचित्रों की स्वीकृति केवल विकास प्राधिकरणों के माध्यम से होगी और पूरी प्रक्रिया को उत्तराखंड भू संपदा नियामक प्राधिकरण (रेरा) के पोर्टल से जोड़ा जाएगा।

ADVERTISEMENTS Ad

सचिवालय में सचिव आवास डॉ. आर. राजेश कुमार की अध्यक्षता में हुई उच्चस्तरीय बैठक में यह अहम फैसला लिया गया। 2025 के संशोधित अधिनियम की धारा-59 के तहत पंचायती राज अधिनियम की धारा-106 को निरस्त कर दिया गया है। इसके साथ ही अधिसूचित क्षेत्रों में पंचायतों की भूमिका पूरी तरह समाप्त हो गई है और अब केवल विकास प्राधिकरण ही नक्शा पास कर सकेंगे। पंचायती राज विभाग को तत्काल सर्कुलर जारी करने के निर्देश दिए गए हैं ताकि किसी प्रकार का भ्रम न रहे।

ADVERTISEMENTS
यह भी पढ़ें 👉  पानी की मोटर और बिजली का सामान चुराने वाले चोरों को पुलिस ने किया गिरफ्तार, अभियुक्तों के कब्जे से सामान बरामद
Ad

सरकार अब नक्शा पास कराने की प्रक्रिया को पूरी तरह ऑनलाइन और पारदर्शी बनाने की दिशा में आगे बढ़ रही है। नियोजित क्षेत्रों के बाहर बनने वाली परियोजनाओं को भी रेरा की निर्माणाधीन वेबसाइट से जोड़ा जाएगा। इससे सभी प्राधिकरण एक ही प्लेटफॉर्म पर आ जाएंगे और स्वीकृति प्रक्रिया समयबद्ध व पारदर्शी होगी। साथ ही, अवैध कॉलोनियों और बिना अनुमति निर्माण पर निगरानी और सख्त होगी।

ADVERTISEMENTS Ad

बैठक में भू-उपयोग परिवर्तन शुल्क के मुद्दे पर भी चर्चा हुई। वर्तमान व्यवस्था के तहत आवासीय या पर्यटन उपयोग में परिवर्तन पर सर्किल रेट के बराबर शुल्क और व्यावसायिक उपयोग में 1.5 गुना शुल्क लिया जा रहा है। इस पर जनहित में राहत देने के संकेत देते हुए आवास सचिव ने संबंधित विभागों को एक सप्ताह के भीतर संशोधित प्रस्ताव शासन को भेजने के निर्देश दिए।

यह भी पढ़ें 👉  एस.के.एम. स्कूल में हर्षोल्लास से मनाया गया 80वां स्वतंत्रता दिवस, देश भक्ति के नारों से गूंज उठा विद्यालय परिसर

सरकार ने यह भी साफ कर दिया है कि अब विकास प्राधिकरणों के अधिसूचित क्षेत्रों से बाहर भी यदि कहीं कॉलोनियां विकसित होती हैं या भूखंडों का उपविभाजन किया जाता है, तो उस पर भी रेरा के माध्यम से कड़ी निगरानी और कानूनी कार्रवाई की जाएगी। इसके साथ ही अवैध निर्माण के खिलाफ एक समान और प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित करने के लिए नगर एवं ग्राम नियोजन विभाग को कॉमन ड्राफ्ट तैयार करने के निर्देश दिए गए हैं।

बैठक में रेरा के अधिकारियों समेत विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।

ADVERTISEMENTS Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad

Anand Batra

Editor-in-Chief - Hills News (www.hillsnews.in)

यह भी पढ़ें 👉